Alfaaz By Piyush
कुछ लफ़्ज़ मेरे, कुछ एहसास आपके…
अल्फ़ाज़ by Piyush
कुछ लफ़्ज़ मेरे, कुछ एहसास आपके…
हर दिल में कुछ बातें होती हैं, जो कभी ज़ुबान तक नहीं आ पातीं। कुछ अधूरी मोहब्बतें, कुछ अनकहे जज़्बात, कुछ टूटे हुए ख़्वाब और कुछ ज़िंदगी के कड़वे सच।
“अल्फ़ाज़ by Piyush” सिर्फ़ शायरी का संग्रह नहीं, बल्कि उन एहसासों का सफ़र है, जिन्हें हम सबने कभी न कभी जिया है।
इस किताब के हर पन्ने पर आपको कहीं अपनी मोहब्बत मिलेगी, कहीं अपनी तन्हाई, कहीं बीते हुए रिश्तों की यादें, तो कहीं ख़ुद से मिलने का एक नया रास्ता।
हो सकता है अल्फ़ाज़ मेरे हों, लेकिन उनमें छिपी कहानी आपकी हो…
— पीयूष जैन
लेखक | बेकार से पत्रकार